जनपद में मिले टीबी के 212 नये मरीज - 17 से 29 फरवरी तक चला सघन टीबी रोगी खोज अभियान

जनपद में मिले टीबी के 212 नये मरीज
 17 से 29 फरवरी तक चला सघन टीबी रोगी खोज अभियान


मेरठ । टीबी को जड़ से समाप्त करने के लिये जिले में चलाये जा रहे अभियान में काफी हद तक सफलता मिली है। जिला क्षय रोग विभाग द्वारा टीबी रोगी खोज अभियान में टीबी 212 नये मरीज मिले हैं। इनका विभाग ने तत्काल उपचार शुरू कर दिया है। सरकार की ओर से इन्हें नि:शुल्क दवा उपलब्ध करायी जा रहा है।
 जिला क्षय रोग अधिकारी डा. एमएस फौजदार ने बताया 17 से 29 फरवरी तक शहर व देहात मे घर-घर जाकर 2202 लोगों की जांच की गयी। जिसमें 212 टीबी के नये मरीज मिले। इन लोगों को पता ही नहीं था कि उन्हें टीबी है। इसमें से ज्यादातर मरीज 20 से 50 साल के बीच के हैं। इसमें 65 प्रतिशत पुरूष, 35 प्रतिशत महिलाएं हैं। उन्होंने बताया इसके लिये पूरे जिले में 159 टीमों को लगाया गया था, जिसमें 34 सुपरवाइजर व 11 नोडल अधिकारी शामिल थे। अभियान में एचआईवी व मधुमेह की भी जांच करायी गयी। अभियान के तहत 45 केन्द्र व 6 आईटीटीसी में मरीजों की जांच पड़ताल की गयी। उन्होंने बताया समय व शुरुआत में इलाज न होने पर एक मरीज 10 से 15 लोगों को टीबी का मरीज बना सकता है। सबसे खतरनाक स्थिति तो तब होती है जब मरीज को पता ही न हो कि उसे टीबी है। उसके कारण अन्य लोग भी उसकी चपेट में आ सकते हैं। टीबी रोगी खोज अभियान में बड़ी संख्या में ऐसे मरीज सामने आये हैं। इनमें काफी ऐसे भी हैं उपचार बीच में छोड़ दिया था। ऐसे मरीजों को टीबी चैम्पियन  के माध्यम से जागरूक कराया गया।
 डा. फौजदार ने बताया  टीबी एक गंभीर ,संक्रामक और बैक्टीरिया से होने वाली बीमारी है जो मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करती है। इलाज न होने पर यह घातक साबित हो सकती है। डॉटस केन्द्रों और सरकारी अस्पतालों में इसकी दवा नि:शुल्क मिलती है।
 ये लक्षण हो तो करायें जांच
 दो सप्ताह तक लगातार खांसी हो
 बुखार हो, भूख नहीं लगती हो
 रात में पसीना आता हो
वजन में लगातार गिरावट हो रही हो