हरदोई जेल से पेशी पर आया कुख्यात बंदी गोरखपुर के एक होटल में प्रेमिका संग रंगरेलिया मनाते हुए पकड़ा गया।


देवरिया की अदालत में हरदोई जेल से पेशी पर आया कुख्यात बंदी गोरखपुर के एक होटल में प्रेमिका संग रंगरेलिया मनाते हुए पकड़ा गया। गोरखपुर पुलिस ने कैदी और उसकी सुरक्षा में आए तीन सिपाहियों को हिरासत में ले लिया। बाद में सभी को लिखापढ़ी के बाद छोड़ दिया गया। सिपाहियों के बारे में एसपी हरदोई को रिपोर्ट भेजी जा रही है। प्रेमिका और उसके दो साथियों को भी पुलिस ने छोड़ दिया है। बंदी कामेश्वर सिंह उर्फ डब्बू अपनी प्रेमिका के पति विवेक सिंह की हत्या में भी आरोपी है।
पुलिस के अनुसार देवरिया जिले के गौरी बाजार थाना क्षेत्र के पथरहट गांव निवासी कामेश्वर सिंह उर्फ डब्बू गांव के ही रमेश सिंह, अरुण सिंह तथा गोरखपुर के सिंघड़िया निवासी विवेक सिंह की हत्या का आरोपी है। अरुण और विवेक की हत्या में उसे जमानत मिल चुकी है। रमेश सिंह की हत्या में वह अभी भी जेल में है। यह सभी हत्याएं 2010 से 2017 के बीच हुई हैं। बीते दिनों उसे गोरखपुर जेल से हरदोई जेल ट्रांसफर किया गया था।



रमेश सिंह हत्याकांड केस में सोमवार को देवरिया कोर्ट में उसकी पेशी थी। हरदोई पुलिस लाइंस में तैनात सिपाही आनंद सिंह, अभय सिंह और अमन कुमार उसे पेशी पर लाए थे। पेशी के बाद सभी हरदोई लौट रहे थे। लौटते वक्त दोपहर में वे सभी गोरखपुर रेलवे स्टेशन रोड स्थित होटल हॉलिडे में रुक गए। सिपाही खाना खाने लगे, जबकि कामेश्वर सिंह ने अपने दो साथियों अनिल मौर्या और राधेश्याम के सहयोग से अपनी प्रेमिका सुषमा सिंह को पहले से ही होटल पर बुला लिया था। होटल पर पहुंचते ही वह प्रेमिका को लेकर कमरे में पहुंच गया।



अरुण के बेटे ने पीछा कर पकड़वाया
असल में कामेश्वर सिंह जब भी पेशी पर आता था, तो होटल में मौज मस्ती किया करता था। यह खबर मृतक अरुण सिंह के बेटे दीपक सिंह को लगी थी। सोमवार को वह कचहरी से उसके वाहन के पीछे हो लिया था। जैसे ही वह होटल में गया, दीपक ने एसएसपी गोरखपुर को फोन पर सूचना दी।


इसके बाद कैंट पुलिस हरकत में आई और वहां पहुंचकर उसने कमरे से निर्वस्त्र हालत में कामेश्वर सिंह को प्रेमिका संग दबोच लिया। सिपाहियों को भी हिरासत में ले लिया गया। कैंट पर सबसे पूछताछ हुई फिर लिखापढ़ी कर उन्हें हरदोई रवाना कर दिया गया। सिपाहियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए एसपी हरदोई को रिपोर्ट भेजी गई है। प्रेमिका को बालिग होने की वजह से छोड़ दिया गया। साथियों पर कोई आरोप नहीं बना, इसलिए चेतावनी देकर जाने दिया गया।


Popular posts from this blog

गोरखपुर के कलक्टर विजय किरण आनंद व SSP पर NHRC में केस दर्ज

शादी में दिखावे की हदे पार, लड़की पक्ष ने विवाह स्थल पर लगवाया फ्लैस्क, लिखा :- गाडी के साढे 7 लाख नकद दिए दूल्हे को

सिटी सेंटर में हुई लाखो की चोरी का खुलासा, महिला सहित 5 अरेस्ट, 31 मोबाइल व नकदी बरामद